वरिष्ठ भाजपा नेता मनीष अग्रवाल ने नगर वासियों से शांति-सौहार्द बनाए रखने की अपील…खपरगंज की घटना को बताया अशोभनीय…
बिलासपुर-[जनहित न्यूज़] बिलासपुर शहर और अंचल की पहचान हमेशा से प्रेम, भाईचारे, आपसी सौहार्द और सामाजिक समरसता के लिए रही है। रक्षाबंधन पर्व की रात कोतवाली थाना क्षेत्र के खपरगंज में हुई घटना को वरिष्ठ भाजपा नेता मनीष अग्रवाल ने अत्यंत अशोभनीय बताते हुए शहरवासियों से शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील की है।
मनीष अग्रवाल ने कहा कि बिलासपुर को बिलासादाई, अरपा माई, न्यायधानी और संस्कृतिधानी के नाम से छत्तीसगढ़ और देश में जाना जाता है। यह शहर अलग-अलग वर्गों और समुदायों के लोगों के बीच प्रेम, भाईचारे और आपसी विश्वास की मिसाल रहा है। ऐसे में शुक्रवार रात खपरगंज में घटित घटना निश्चित रूप से दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक है, जिसे किसी भी स्थिति में सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने का माध्यम नहीं बनने देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि घटना के बाद पुलिस और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों सहित पूरी प्रशासनिक टीम ने तत्काल सक्रियता, संयम और सूझबूझ का परिचय देते हुए स्थिति को नियंत्रित किया। प्रशासन की तत्परता से किसी बड़ी अनहोनी की आशंका पर समय रहते विराम लगाया गया। उन्होंने प्रशासन की इस भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि अब समाज के प्रत्येक जिम्मेदार नागरिक की भी भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है।
अफवाहों पर नहीं, सच्चाई पर करें भरोसा
वरिष्ठ भाजपा नेता ने कहा कि घटना के बाद सोशल मीडिया और व्यक्तिगत चर्चाओं के माध्यम से तरह-तरह की अफवाहें फैल रही हैं। नागरिकों को ऐसी अफवाहों पर ध्यान देने के बजाय प्रशासन और पुलिस द्वारा सामने लाई गई वास्तविक जानकारी पर ही विश्वास करना चाहिए। बिना पुष्टि किसी खबर, वीडियो, संदेश या टिप्पणी को आगे बढ़ाना सामाजिक वातावरण के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी स्थानीय घटना को सामाजिक संघर्ष का रूप देने या सामाजिक वातावरण खराब करने की मंशा नहीं होनी चाहिए। अनावश्यक चर्चा, भ्रामक सूचनाओं का प्रसार और माहौल को दूषित करने वाले प्रयासों से प्रत्येक नागरिक को बचना चाहिए।
समाज के प्रबुद्ध लोगों और युवाओं से
आगे आने की अपील:-
मनीष अग्रवाल ने शहर के प्रबुद्ध नागरिकों, सामाजिक संगठनों, वरिष्ठजनों और युवा पीढ़ी से आगे आकर शांति और भाईचारे का वातावरण मजबूत करने की अपील की। उन्होंने कहा कि युवाओं को विशेष रूप से समझाने और सकारात्मक दिशा देने की जरूरत है, ताकि किसी भी अफवाह या उकसावे का असर सामाजिक सौहार्द पर न पड़े।
उन्होंने कहा कि बिलासपुर किसी एक व्यक्ति, वर्ग या समुदाय का नहीं, बल्कि हर उस नागरिक का शहर है जो यहां शांति, प्रेम और भाईचारा कायम रखना चाहता है। इसलिए प्रत्येक नागरिक को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए सकारात्मक भूमिका निभानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर प्रयास करना होगा। आपसी संवाद, संयम और विश्वास ही किसी भी चुनौती का सबसे बेहतर समाधान है।
बिलासपुर की पहचान किसी विवाद से नहीं, बल्कि भाईचारे से है।
मनीष अग्रवाल ने कहा कि बिलासपुर की वर्षों पुरानी सामाजिक पहचान और आपसी सद्भाव को किसी भी घटना के कारण कमजोर नहीं होने दिया जाना चाहिए। उन्होंने शहरवासियों से अपील की कि वे संयम बनाए रखें, अफवाहों से दूर रहें और सोशल मीडिया पर बिना सत्यापन किसी भी संवेदनशील सामग्री को साझा करने से बचें।
उन्होंने कहा कि बिलासपुर की पहचान प्रेम, भाईचारे और सौहार्द से है और इस पहचान को कायम रखना केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि शहर के प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।

