ITMS और ई-चालान सिस्टम से यातायात पुलिस की पैनी नजर समय पर जुर्माना नहीं भरा तो लगाने होंगे कोर्ट के चक्कर गंभीर मामलों में वाहन नीलामी तक की कार्रवाई…!
बिलासपुर-[जनहित न्यूज़] शहर में यातायात नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों पर अब सख्ती बढ़ने जा रही है। बिलासपुर यातायात पुलिस ने जनवरी 2026 से अब तक ITMS और ई-चालान प्रणाली के माध्यम से 1 लाख 73 हजार 400 से अधिक ई-चालान जारी किए हैं। इनमें से अधिकांश वाहन चालकों ने जुर्माना जमा कर दिया है, लेकिन अब भी कई चालान लंबित हैं। ऐसे वाहन चालकों को बार-बार सूचना और नोटिस देने के बावजूद राशि जमा नहीं करने पर प्रकरण न्यायालय भेजे जा रहे हैं। वहीं, नियमों की बार-बार अनदेखी और न्यायालय के निर्देशों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित या निरस्त कराने की कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस उपमहानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के दिशा-निर्देश पर यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे अपने लंबित ई-चालानों की स्थिति जांचकर निर्धारित समय में जुर्माना जमा करें, ताकि उन्हें आगे की कानूनी प्रक्रिया का सामना न करना पड़े।
24 घंटे में मोबाइल पर सूचना, सात दिन में घर पहुंचेगा चालान:-
यातायात पुलिस के अनुसार, वाहन चलाते समय नियमों का उल्लंघन होने पर संबंधित वाहन चालक के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर 24 घंटे के भीतर उल्लंघन, मोटर व्हीकल एक्ट की संबंधित धाराओं और चालान शुल्क की जानकारी भेजी जाती है। इसके अलावा सात दिनों के भीतर पंजीकृत डाक से वाहन मालिक के पते पर चालान की हार्ड कॉपी भी भेजी जाती है। इसके बाद भी शुल्क जमा नहीं करने पर संबंधित प्रकरण न्यायालय भेजने की प्रक्रिया अपनाई जाती है।
ई-चालान जमा करने के लिए जारी की गई गाइडलाइन:-
यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ई-चालान परिवहन पोर्टल पर सॉफ्टवेयर अपडेट का काम चलने के कारण फिलहाल वाहन चालक NextGen eChallan के माध्यम से चालान शुल्क ऑनलाइन जमा कर सकते हैं। यदि पोर्टल या सर्वर में तकनीकी समस्या आती है, तो वाहन चालक ITMS के इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) भवन पहुंचकर यातायात अधिकारियों-कर्मचारियों से संपर्क कर सकते हैं और ऑनलाइन भुगतान की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।

पुलिस ने वाहन चालकों को सलाह दी है कि चालान संबंधी संदेश मिलने पर उसे नजरअंदाज न करें और समय रहते भुगतान की प्रक्रिया पूरी करें।
कोर्ट के नोटिस की अनदेखी पड़ी भारी, लाइसेंस पर भी कार्रवाई:-
यातायात पुलिस के मुताबिक, निर्धारित समय में चालान शुल्क जमा नहीं करने पर संबंधित प्रकरण न्यायालय को भेजे जाते हैं। वहां ई-कोर्ट के माध्यम से सुनवाई की प्रक्रिया के बाद नियमित न्यायालयीन कार्रवाई आगे बढ़ सकती है। न्यायालय के नोटिस और निर्देशों की लगातार अनदेखी करने वाले वाहन चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस के निलंबन या निरस्तीकरण की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
वहीं, गंभीर धाराओं वाले मामलों में बार-बार नोटिस दिए जाने के बावजूद न्यायालय में उपस्थित नहीं होने पर संबंधित वाहनों के संबंध में नीलामी की प्रक्रिया शुरू करने के आदेश भी दिए जा सकते हैं। पुलिस ने ऐसे वाहन चालकों को चेतावनी दी है कि वे लंबित चालानों का शीघ्र निराकरण करें और कानूनी कार्रवाई की नौबत न आने दें।

सड़क सुरक्षा के लिए नियमों का पालन जरूरी
यातायात पुलिस का कहना है कि ITMS और ई-चालान प्रणाली का उद्देश्य केवल जुर्माना वसूलना नहीं, बल्कि यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित करना, सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाना और नागरिकों के लिए सुरक्षित आवागमन उपलब्ध कराना है।
पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे यातायात अनुशासन बनाए रखें और महिलाओं, बच्चों, दिव्यांगों, वरिष्ठ नागरिकों तथा बीमार व्यक्तियों के प्रति संवेदनशीलता दिखाएं। सुरक्षित यातायात और सुगम आवागमन के लिए प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी महत्वपूर्ण है। नियमों का पालन कर ही बिलासपुर को अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित शहर बनाया जा सकता है।

