मृतक के पास अवैध टेबलेट विगोर 100 व अन्य टेबलेट के खाली रैपर मिले युवक की ब्रेन हेमरेज से हुई मौत…
26 अप्रैल 2023
बिलासपुर-[जनहित न्यूज़] 420 के मामले में रायपुर से पकड़ कर लाई थी तारबाहर पुलिस। थाने में पूछताछ के दौरान तबीयत बिगड़ने के बाद जिला अस्पताल में कराया गया था भर्ती।
जिला अस्पताल में इलाज के दौरान श्याम मोहदिकर ने तोड़ा दम
यहां पुलिस की भूमिका पर सवाल खडे हो गए पर हर सिक्के के दो पहलू होते है कल ही कि एक घटना मस्तूरी थाने में महिला से मारपीट का मामला सामने आया जनहित न्यूज़ ने जब मस्तूरी टी आई प्रकाश कांत से इस विषय पर बात की तो मामला दूसरा निकला खैर… कभी भी एकदम से पुलिस पर संदेह नहीं करना चाहिए क्योंकि कई मामलों में आरोप लगाने के बाद स्तिथि दूसरी बन जाती है, हालांकि पुलिस किसी भी आरोपी से नरम लहजे में व्यवहार नही करती ये भी सच है लेकिन यही भय भी तो अपराध पर लगाम लगाता है ।आज की इस घटना पर हम नजर डाले तो पहली बात जब पुलिस कस्टडी में आरोपी की पूर्ण जिम्मेदारी पुलिस विभाग की ही होती है।
फिर भला पुलिस क्या उसे मरने दे सकती है।
अब पोस्टमार्टम परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने मृतक के शरीर में किसी भी प्रकार की चोट होना नही बताया और मृत्यु ब्रेन हेमरेज से होना बताया गया है। बहराल उसकी मृत्यु या तो नशीली टेबलेट के अत्यधिक सेवन से हुई या फिर वो इस टेबलेट का इतना आदि था कि पुलिस कस्टडी में डोज नही मिलने से डिप्रेशन ही उसकी मौत की वजह बनी यह विषय जांच का है और पुलिस इसकी जांच कर रही है थाना तारबाहर से मिली जानकारी अनुसार इस्कान सेंटर तारबाहर को कार और जमीन दान में दिलाने के नाम पर 3.80 लाख की ठगी करने की रिपोर्ट पर थाना तारबाहर में अपराध क्रमांक 207/22 धारा 420 भादवि पंजीबद्ध किया गया था।
ठगी करने वाले आरोपी श्याम मोदीकर पिता टी वी मोदीकर उम्र 55 वर्ष सा.बोडतरा मुंगेली, हाल मुकाम मोवा रायपुर को नोटिस देने पर भी उपस्थित नही होने से थाना तारबाहर द्वारा दिनांक 25 अप्रैल की रात्रि में विधिवत गिरफ्तार किया गया था। आरोपी की जामा तलाशी में आपत्तिजनक टेबलेट विगोर 100 और अन्य टेबलेट तथा खाली रैपर मिले थे। 26 अप्रैल की प्रातः लगभग 10:00 बजे आरोपी को चक्कर आने पर तत्काल जिला अस्पताल बिलासपुर इलाज हेतु ले जाया गया जहाँ इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मृत्यु की न्यायिक जांच कराने पत्र भेजा गया था। मर्ग जांच पंचनामा कार्यवाही माननीय न्यायिक मजिस्ट्रेट बिलासपुर द्वारा की गई है। पोस्टमार्टम कार्यवाही तीन डॉक्टरों की संयुक्त टीम के द्वारा की गई मर्ग जांच पंचनामा कार्यवाही में पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी, फोटोग्राफी की गई है। पोस्टमार्टम परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने मृतक के शरीर में किसी भी प्रकार का चोट नही होना एवम मृतक की मृत्यु ब्रेन हेमरेज से होना बताया गया है। मृत आरोपी के विरुद्ध 138 नेगोशियेबल एक्ट का बेमेतरा में प्रमाणित प्रकरण तथा नैला व जांजगीर के इस्कान सेंटर में भी ठगी करने की शिकायत थी।


