राज्य में पहली पायदान पर बिलासपुर पुलिस अर्पण मुहिम में 30 लाख के 202 मोबाइल वास्तविक स्वामियों को सौंपे…!
बिलासपुर-[जनहित न्यूज़] गुम हुए मोबाइल को वापस पाने की उम्मीद जब लोगों ने लगभग छोड़ दी थी, तब बिलासपुर पुलिस ने तकनीक और लगातार प्रयासों के जरिए उनकी उम्मीद को हकीकत में बदल दिया। गुम मोबाइल फोन की बरामदगी और उन्हें उनके वास्तविक स्वामियों तक पहुंचाने के मामले में बिलासपुर पुलिस पूरे छत्तीसगढ़ में प्रथम स्थान पर है। वर्ष 2026 में अब तक पुलिस ने 1250 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को वापस किए हैं।

स्वतंत्रता दिवस उत्सव के उपलक्ष्य में पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ‘चेतना अभियान’ के तहत रविवार को आयोजित ‘अर्पण’ कार्यक्रम में 202 बरामद मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को सौंपे गए। इन मोबाइल की अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपये बताई गई है। लंबे समय बाद अपना मोबाइल हाथ में पाकर लोगों के चेहरों पर खुशी और संतोष साफ नजर आया। लोगों ने बिलासपुर पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रति आभार जताया।
डीआईजी-एसएसपी के निर्देश पर लगातार चल रहा अभियान:-
पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह (भा.पु.से.) के निर्देश पर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों से गुम होने वाले मोबाइल फोन की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उनकी तलाश और बरामदगी के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
निर्देशों के पालन में एसीसीयू (साइबर सेल) बिलासपुर की टीम ने तकनीकी संसाधनों, मोबाइल ट्रैकिंग और लगातार प्रयासों के माध्यम से बिलासपुर सहित छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों तथा सीमावर्ती राज्यों से गुम हुए मोबाइल फोन बरामद किए। इसी अभियान के तहत 202 मोबाइल फोन बरामद कर 9 अगस्त 2026 को उनके वास्तविक स्वामियों को वापस किए गए।

मोबाइल हाथ में आते ही खिले चेहरे
अर्पण कार्यक्रम में कई ऐसे लोग पहुंचे, जिन्होंने अपना मोबाइल वापस मिलने की उम्मीद तक छोड़ दी थी। जब पुलिस ने उन्हें उनका मोबाइल सौंपा तो उनके चेहरे पर खुशी और संतोष देखते ही बना। मोबाइल धारकों ने पुलिस की इस कार्रवाई को केवल तकनीकी सफलता ही नहीं, बल्कि जनहित और मानवीय संवेदना से जुड़ी पहल बताया।

लोगों ने पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह सहित बिलासपुर
पुलिस के अधिकारी-कर्मचारियों के प्रति धन्यवाद और आभार व्यक्त किया।
मोबाइल बरामदगी के साथ साइबर सुरक्षा का भी संदेश
कार्यक्रम में केवल मोबाइल वितरण ही नहीं हुआ, बल्कि नागरिकों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक भी किया गया। साइबर सेल बिलासपुर के प्रभारी निरीक्षक गोपाल सतपथी एवं टीम ने नागरिकों को वर्तमान समय में होने वाले विभिन्न प्रकार के साइबर फ्रॉड, उनसे बचाव के उपाय तथा सावधानियों की जानकारी दी।

इस दौरान भारत सरकार के बहुउपयोगी मोबाइल एप्लीकेशन संचार साथी के संबंध में भी नागरिकों को जानकारी दी गई और इसके उपयोग तथा मोबाइल एवं साइबर सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं से अवगत कराया गया।
2026 में अब तक 1250 मोबाइल की सफल रिकवरी
बिलासपुर पुलिस के अनुसार वर्ष 2026 में अब तक कुल 1250 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक स्वामियों को वापस किए जा चुके हैं। गुम मोबाइल की बरामदगी के मामले में बिलासपुर पुलिस का पूरे राज्य में प्रथम स्थान होना पुलिस की तकनीकी दक्षता, साइबर सेल की सक्रियता और टीमवर्क को दर्शाता है।

स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित विशेष चेतना अभियान के अंतर्गत मोबाइल फोन की बरामदगी एवं वितरण में एसीसीयू (साइबर सेल) बिलासपुर तथा जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों के पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
अर्पण ने दिया भरोसे का संदेश
बिलासपुर पुलिस की इस पहल ने नागरिकों के बीच यह भरोसा मजबूत किया है कि गुम हुई संपत्ति को वापस दिलाने के लिए पुलिस पूरी गंभीरता और तकनीकी क्षमता के साथ काम कर रही है। ‘अर्पण’ कार्यक्रम ने पुलिस और आमजन के बीच विश्वास की इस कड़ी को और मजबूत किया।

कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण एवं एसीसीयू) श्रीमती मधुलिका सिंह अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर पंकज कुमार पटेल, नगर पुलिस अधीक्षक सिविल लाइन परमेश्वर तिलवार एवं नगर पुलिस अधीक्षक सरकंडा तिलेश्वर प्रसाद यादव सहित अन्य पुलिस अधिकारी-कर्मचारी और मोबाइल धारक उपस्थित रहे।
बिलासपुर पुलिस का संदेश…
आपकी एक आस आपकी अमानत आपके पास।

