12 घंटे के भीतर मुंगेली पुलिस ने सुलझाया घानाघाट का अंधे कत्ल का मामला आरोपी पति-पत्नी गिरफ्तार..!
मुंगेली-[जनहित न्यूज़]
मुंगेली घानाघाट में युवक की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर हत्या की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक द्वारा महिला को वीडियो वायरल करने की धमकी देकर कथित रूप से लगातार ब्लैकमेल किया जा रहा था। इससे परेशान होकर महिला और उसके पति ने हत्या की साजिश रची। आरोपियों ने युवक को अपने घर बुलाया, दूध में नींद की दवा मिलाकर पिलाई और उसके बेहोश होने के बाद गमछे से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद शव को घर से दूर ले जाकर फेंक दिया गया। पुलिस ने मामले में पति-पत्नी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।

संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था 24 वर्षीय युवक का शव:-
पुलिस के अनुसार, थाना चिल्फी की चौकी डिंडौरी क्षेत्र के ग्राम घानाघाट में 30 जुलाई 2026 की रात रामचंद पटेल के घर के पास अरूण पटेल उर्फ वेद प्रसाद पटेल, पिता शिवराज पटेल, उम्र 24 वर्ष, निवासी घानाघाट का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था। सूचना मिलने पर चौकी डिंडौरी एवं थाना चिल्फी पुलिस ने मर्ग क्रमांक 17/26 के तहत जांच शुरू की।

मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने तत्काल मर्ग जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रशांत शुक्ला एवं अनुविभागीय पुलिस अधिकारी लोरमी माधुरी धिरही के मार्गदर्शन में पुलिस टीम ने मामले की बारीकी से जांच शुरू की।
महाराष्ट्र में मजदूरी के दौरान बने थे संबंध
जांच के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारी मिली। करीब तीन वर्ष पूर्व मृतक अरूण पटेल, आरोपी मुकेश पटेल और उसकी पत्नी मनीषा पटेल मजदूरी करने महाराष्ट्र गए थे और वहां एक ही कमरे में रहते थे। इसी दौरान अरूण और मनीषा के बीच कथित रूप से संबंध बने।
पुलिस के मुताबिक, इसी दौरान मृतक ने महिला का एक वीडियो अपने मोबाइल में बना लिया था। गांव लौटने के बाद वह उक्त वीडियो वायरल करने की धमकी देकर मनीषा को कथित रूप से लगातार ब्लैकमेल कर रहा था। परेशान होकर मनीषा ने पूरी बात अपने पति मुकेश को बताई। पति-पत्नी ने मृतक को समझाने का प्रयास किया, लेकिन कथित तौर पर धमकी और ब्लैकमेलिंग जारी रहने के बाद दोनों ने उसकी हत्या की योजना बना ली।
दूध में मिलाई नींद की दवा, बेहोश होने पर गमछे से दबाया गला:-
पुलिस जांच के अनुसार, योजना के तहत आरोपी पति-पत्नी ने अरूण को अपने घर बुलाया। वहां उसे दूध में नींद की दवा मिलाकर पिलाई गई। दूध पीने के बाद जब वह बेहोशी की हालत में पहुंच गया, तब आरोपियों ने कथित रूप से गमछे से उसका गला दबाकर हत्या कर दी।

हत्या के बाद आरोपियों ने शव को रामचंद पटेल के घर के पास ले जाकर फेंक दिया। वहीं मृतक का मोबाइल फोन और हत्या में प्रयुक्त गमछा मनियारी नदी में फेंक दिया गया, ताकि वारदात से जुड़े साक्ष्य मिटाए जा सकें।
पूछताछ में टूटे आरोपी, हत्या करना स्वीकार किया
मर्ग जांच के दौरान हत्या का तथ्य सामने आने पर थाना चिल्फी में अपराध क्रमांक 112/26 के तहत धारा 103, 238(ए), 3(5) बीएनएस में अपराध दर्ज किया गया। पुलिस ने संदेह के आधार पर मुकेश पटेल पिता भैया लाल, उम्र 34 वर्ष और उसकी पत्नी मनीषा बाई पटेल, उम्र 27 वर्ष, दोनों निवासी घानाघाट को हिरासत में लेकर पूछताछ की।

पुलिस के अनुसार पूछताछ में दोनों ने हत्या की वारदात स्वीकार की। जांच में प्रमाणित साक्ष्य मिलने के बाद दोनों को विधिवत गिरफ्तार किया गया और 17 अगस्त 2026 को न्यायिक रिमांड पर जेल दाखिल कर दिया गया।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका
अंधे कत्ल का पर्दाफाश करने में निरीक्षक रघुबीर लाल चंद्रा, थाना प्रभारी चिल्फी; उपनिरीक्षक मानसिंह, चौकी प्रभारी डिंडौरी; महिला सहायक उपनिरीक्षक रामकुमारी यादव, प्रधान आरक्षक श्याम डहरिया, गुलाब सिंह राजपूत, चिंताराम कश्यप, महिला आरक्षक संगीता बर्मन तथा आरक्षक नमित सिंह, मनोज राजपूत, पवन गंधर्व, बंशी कंवर, संजय पात्रे, नागेश साहू एवं मनीष प्रधान की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

