यात्री ट्रेनों की बजाय माल गाड़ियों का सुचारु परिचालन रेलवे की बदनियति…कांग्रेस का रेल रोको आंदोलन जमकर बरसे विधायक शैलेष पाण्डेय…
13 सितंबर 2023
बिलासपुर-[जनहित न्यूज़]
रेलवे द्वारा प्रदेश मे ट्रेने रद्द करने और लेटलतीफी से हालाकान आम जानता के मुद्दे को कांग्रेस ने आज रेल रोको आंदोलन के जरिये जोरदार विरोध प्रदर्शन किया जिसमे
कांग्रेस नेताओं ने पूरे छत्तीसगढ़ में रेल रोको आंदोलन करके दबाव बनाने की कोशिश की।
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे अंतर्गत कोरोना काल के दौरान से ही रेलवे द्वारा सैकड़ो यात्री ट्रेनों को मरम्मत के नाम पर महीनो तक बंद करके रखा जा रहा है जिसके कारण ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

छत्तीसगढ़ के सांसद बंद ट्रेनों को शुरू करवाने के कोई प्रयास नहीं कर रहे हैं और ना ही केंद्र सरकार अपने ही सांसदों की नहीं सुन रहा है। छत्तीसगढ़ में रेल व्यवस्था बुरी तरह चरमरा गई है लेकिन रेल पटरियों पर माल गाड़ियों का आना-जाना बदस्तूर जारी है यही नहीं माल गाड़ियों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है और अब तो प्लेटफार्म नंबर एक पर मालगाड़िया दौड़ाई जा रही है यात्रियों और नागरिकों की रेल मंत्रालय और स्थानीय रेल प्रशासन कुछ भी नहीं सुन रहा है।

यात्रियों की हो रही परेशानी को देखते हुए भूपेश बघेल की सरकार और प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने राज्य व्यापी रेल रोको आंदोलन का आवाहन किया था। इस आव्हान पर जोनल मुख्यालय बिलासपुर समेत करगी कोटा ,जांजगीर चांपा ,बिल्हा ,उसलापुर आदि स्टेशनों में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पटरी पर पहुंचकर धरना प्रदर्शन करते हुए मालगाड़ियों के सामने खड़े हो गए वहीं अनेकों कार्यकर्ता पटरी पर लेट कर आंदोलन किया एवं केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाते हुए रेल सुविधाओं के मामले में छत्तीसगढ़
बिलासपुर विधायक शैलेष पाण्डेय जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण अध्यक्ष विजय केसरवानी संसदीय सचिव श्रीमती रश्मि सिंह कांग्रेस नेता शिवा मिश्रा पूर्व सांसद इनग्रीड मेकलाउड समेत अनेक कार्यकर्ताओं ने विभिन्न रेलवे स्टेशनों पर धरना देकर रेल रोको आंदोलन की शुरुआत की। इस आंदोलन का रेल मंत्रालय पर क्या प्रभाव पड़ता है यह आने वाले दिनों में दिखेगा। बुधवार को कांग्रेस का प्रदेश भर में रेल रोको आंदोलन हुआ। बिलासपुर में भी कांग्रेस कार्यकर्ता रेल रोकने रेलवे स्टेशन पर पहुंच गए। कार्यकर्ता पटरी पर लेट गए और जमकर नारेबाजी की। इस दौरान करीब 2 घंटे तक रेलवे ट्रैक बाधित रहा। कांग्रेसियों ने कहा कि, रेलवे को लेकर केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध है। आंदोलन को देखते हुए रेलवे प्रशासन ने सुरक्षा के द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किये थे।
रेल रोको आंदोलन के दौरान प्रदेश के सभी जिला, ब्लॉक मुख्यालयों में एकत्रित होकर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने गाड़ियों को रोकने की रणनीति बनाई। इस आंदोलन को देखते हुए रेलवे ने चेतावनी दी थी कि अगर ट्रेन यातायात बाधित हुआ तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए आरपीएफ के साथ ही पुलिस की ड्यूटी भी लगाई गई।जोनल मुख्यालय में आंदोलन शांतिपूर्ण रहा
जांजगीर चाम्पा में कांग्रेस ने जिला मुख्यालय में रेलवे के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया। साथ ही जांजगीर नैला रेलवे स्टेशन के सामने धरना दिया और नारेबाजी करते हुए नजर आए। आंदोलनकारियों ने रेल रोकने के लिए स्टेशन के अंदर घुसने का प्रयास किया। यहां पर पुलिस के साथ आंदोलनकारियों की झूमझटकी हुई। जिसके बाद आंदोलन में शामिल करीब 65 लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले में रेलवे स्टेशन के गेट पर पुलिस ने कांग्रेसियों को रोका तो क्रांगेस कार्यकर्ता नारेबाजी करने लगे। पुलिस के रोकने के बावजूद युवा आयोग के सदस्य और जिला कांग्रेस अध्यक्ष उत्तम वासुदेव के नेतृत्व में कांग्रेस पेंड्रा रोड रेलवे स्टेशन के सामने प्रदर्शन कर रहे थे।

मरवाही विधायक डॉ. के के ध्रुव भी प्रदर्शन मौजूद रहे। हालांकि यहां पर कांग्रेसी एक भी ट्रेन को नहीं रोक पाए, दोपहर 1:30 बजे से हुए प्रदर्शन के बाद कांग्रेसियों को पुलिस आरपीएफ और जीआरपी की टीम ने रेलवे स्टेशन के गेट पर ही रोक दिया और कांग्रेसी वही बैठकर नारेबाजी करते रहे। इस दौरान बिलासपुर से इंदौर जा रही नर्मदा एक्सप्रेस बीना आगे के लिए रवाना हो गई। ट्रेन के रवाना होने के बाद ही कांग्रेसी किसी तरह से रेलवे स्टेशन में एंट्री ले पाए और पटरी पर सांकेतिक प्रदर्शन करते हुए बैठ गए। इस बारे में जिला कांग्रेस अध्यक्ष उत्तम वासुदेव ने कहा कि यदि जल्द ही इस रूट पर यात्री ट्रेनों का परिचालन शुरू नहीं हुआ तो आने वाले वक्त में मालगाड़ी को रोक दिया जाएगा।

