IG ने ली क्लास डीजीपी ने दिए सख्त निर्देश…!
उच्चस्तरीय बैठक में सभी राजपत्रित अधिकारी रहे उपस्थित…
बिलासपुर-[जनहित न्यूज़]
पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय में उच्चस्तरीय बैठक, सभी राजपत्रित अधिकारी रहे उपस्थित आज पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय बिलासपुर में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में अरुण देव गौतम, पुलिस महानिदेशक छत्तीसगढ़ ने बिलासपुर जिले के पुलिस अधिकारियों की विस्तृत समीक्षा बैठक ली।

बैठक की अध्यक्षता रामगोपाल गर्ग, पुलिस महानिरीक्षक बिलासपुर रेंज द्वारा की गई। बैठक में नगर सेना के उप पुलिस महानिरीक्षक लक्ष्मी चंद्रा वर्मा, संयुक्त संचालक अभियोजन माखनलाल पाण्डेय, संभागीय सेनानी नगर सेना नरसिंह नेताम, एएसपी ग्रामीण श्रीमती मधुलिका सिंह, एएसपी शहर पंकज पटेल, एएसपी विशेष शाखा श्रीमती दीपमाला कश्यप, जिला सेनानी एवं अग्निशमन अधिकारी दीपांकर नाथ सहित जिले के सभी राजपत्रित अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक की शुरुआत में आईजी रामगोपाल गर्ग ने डीजीपी अरुण देव गौतम का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। सामान्य परिचय के बाद डीजीपी ने राजकिशोर नगर में सर्राफा व्यवसायी से हुई लूट की घटना की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने 24 घंटे के भीतर आरोपियों को माल मशरूका सहित पकड़ने एवं अंतर्राज्यीय समन्वय की सराहना की, लेकिन भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए सख्त निर्देश भी दिए।

पुलिसिंग में कसावट के निर्देश
डीजीपी ने स्पष्ट किया कि…
गश्त एवं पेट्रोलिंग को और प्रभावी बनाया जाए। संदिग्धों की नियमित चेकिंग, होटल-लॉज सत्यापन अभियान चलाया जाए। सराफा, बैंक और संवेदनशील प्रतिष्ठानों की नियमित सुरक्षा जांच की जाए। सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता की जांच सुनिश्चित की जाए।
आसूचना तंत्र को और मजबूत किया जाए। उन्होंने राजपत्रित अधिकारियों को थानों का गुणवत्तापूर्ण पर्यवेक्षण करने तथा फरियादियों की शिकायतों को संवेदनशीलता के साथ सुनने के निर्देश दिए। थाना प्रभारी स्वयं रिपोर्ट सुनें और एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया की निगरानी करें, यह भी स्पष्ट रूप से कहा गया। संदिग्ध मर्ग प्रकरणों की जांच गंभीरता और सूक्ष्मता से करने पर विशेष जोर दिया गया।

विवेचना और ई-प्रणाली पर जोर
संयुक्त संचालक अभियोजन माखनलाल पाण्डेय को विवेचना की गुणवत्ता सुधारने, ICJS सिस्टम के अंतर्गत ई-चालान और ई-साक्ष्य प्रणाली को प्रभावी रूप से लागू करने तथा न्यायालय और थानों के बेहतर समन्वय की व्यवस्था शीघ्र सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
फायर सेफ्टी और ऑडिट पर चर्चा
होमगार्ड डीआईजी लक्ष्मी चंद्रा वर्मा एवं अग्निशमन विभाग के अधिकारियों से जिले में फायर सेफ्टी और फायर ऑडिट की स्थिति पर चर्चा की गई। सिरगिट्टी और मोपका क्षेत्र में हुई हालिया आगजनी की घटनाओं की विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर जिला एवं पुलिस प्रशासन से साझा करने के निर्देश दिए गए, ताकि भविष्य में प्रभावी रोकथाम की रणनीति बनाई जा सके।

बैठक के दौरान डीजीपी अरुण देव गौतम ने अपने अनुभवों और संस्मरणों के माध्यम से अधिकारियों को व्यावहारिक पुलिसिंग की बारीकियों से भी अवगत कराया। साथ ही आईजी रामगोपाल गर्ग को रेंज के सभी जिलों में बैठक में दिए गए निर्देशों के प्रभावी क्रियान्वयन की सतत मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
कुल मिलाकर यह बैठक पुलिसिंग में कसावट, जवाबदेही और संवेदनशीलता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

